CM Nayab Singh Saini का पंजाब सरकार पर निशाना, किसानों की समस्या का हल निकाले पंजाब सरकार
CM Nayab Singh Saini: केंद्र व राज्य सरकार ने 10 वर्षों में किसानों, गरीबों, युवाओं तथा महिलाओं के हित में अनेक योजनाएं की लागू
- कांग्रेस व अन्य दलों को किसानों के नाम पर राजनीति करने की बजाय उनके राज्यों में किसानों को एमएसपी का देना चाहिए लाभ
हरियाणा के CM Nayab Singh Saini ने पंजाब सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि पंजाब सरकार को किसानों से बात करनी चाहिए और किसानों की समस्या का हल निकालना चाहिए। कांग्रेस व अन्य दलों को किसानों के नाम पर राजनीति करने की बजाय उनके राज्यों में किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ देना चाहिए।
मुख्यमंत्री भिवानी में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने लंबे समय तक देश पर राज किया। यदि कांग्रेस जनता के लिए कार्य करती तो आज जनता उनके साथ खड़ी होती, परन्तु कांग्रेस ने अपने कार्यकाल में किसानों, महिलाओं, युवाओं व जरूरतमंद लोगों के लिए कोई कार्य नहीं किया। जनता अब इस बात को समझने लगी है। कांग्रेसी नेता सदैव ईवीएम को दोष देकर ईवीएम को बदनाम करने का कार्य करते हैं।
केंद्र व राज्य सरकार ने 10 वर्षों में किसानों, गरीबों, युवाओं तथा महिलाओं के हित में अनेक योजनाएं की लागू
CM Nayab Singh Saini ने कहा कि भाजपा की केंद्र व राज्य सरकार ने गत 10 वर्षों में किसानों, गरीबों, युवाओं तथा महिलाओं आदि के हित में अनेक योजनाएं लागू की हैं, जिससे प्रत्येक वर्ग को फायदा हुआ है। युवाओं को कौशल विकास से रोजगार मिला है। इसके अलावा, युवाओं को बिना खर्ची-पर्ची योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरी दी गई है। आज महिलाएं आत्मनिर्भर बनी हैं। उन्होंने कहा कि हरियाणा देश का पहला प्रदेश है, जिसमें किसान की फसलें एमएसपी पर खरीदी जा रही हैं। एमएसपी व भावांतर भरपाई जैसी योजनाओं का किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में नशे की समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। नशा मुक्ति केंद्रों के माध्यम से उपचार के उपरांत लोगों को मुख्यधारा से जोड़ा जा रहा है। इसके अलावा, प्रदेश में बेहतर खेल नीति बनाकर युवाओं को खेलों से जोड़ा जा रहा है और युवाओं को कौशल प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे नशे से दूर रहें और अन्य लोगों को भी नशे के दुष्प्रभावों के बारे जागरूक करें।
source: http://prharyana.gov.in/