हरियाणा में पहली बार हुआ “प्रशासनिक समस्याएँ निवारण शिविर” का आयोजन, मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने दी अध्यक्षता
हरियाणा में पहली बार ‘प्रशासनिक समस्याएँ निवारण शिविर’ का आयोजन हुआ, जिसमें विकास मंत्री कृष्ण लाल पंवार ने कर्मचारियों की लंबित समस्याओं का शीघ्र समाधान किया।
हरियाणा के विकास एवं पंचायत मंत्री श्री कृष्ण लाल पंवार की अध्यक्षता में आज चंडीगढ़ स्थित हरियाणा पंचायत भवन में एक दिवसीय ‘प्रशासनिक समस्याएँ निवारण शिविर’ का आयोजन किया गया। इस विशेष शिविर में विभाग के मंत्री, आयुक्त-सचिव और महानिदेशक ने एक मंच पर बैठकर कर्मचारियों से जुड़ी लंबित फाइलों का त्वरित निपटान किया। यह पहल राज्य में पहली बार की गई है, जो कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से करने के लिए एक नई दिशा स्थापित करेगा।
मुख्यमंत्री पंवार ने कहा कि इस प्रकार के प्रशासनिक शिविर राज्य में पहली बार आयोजित किए गए हैं, जिनसे न केवल लंबित मामलों का समाधान हुआ है, बल्कि अधिकारियों और कर्मचारियों को यह भरोसा मिला है कि उनकी समस्याओं का समाधान त्वरित और पारदर्शी तरीके से किया जा रहा है। इससे विभागीय कार्यों में पारदर्शिता, उत्तरदायित्व और कार्यकुशलता को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इस पहल के माध्यम से ग्रामीण विकास एवं पंचायत से जुड़े कार्यों में तेजी आएगी, जिससे आम जनता को कम समय में लाभ मिलेगा।
लंबित मामलों का निस्तारण और कर्मचारियों की समस्याओं का शीघ्र समाधान
मंत्री पंवार ने कहा कि राज्य सरकार कर्मचारियों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान प्राथमिकता पर करती है। इस शिविर में 17 जिला विकास एवं पंचायत अधिकारियों (डीडीपीओ) के Assured Career Progression (ACP) से जुड़े लंबित मामलों का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया गया। साथ ही, पांच अधिकारियों को मौके पर ही सर्टिफिकेट भी सौंपे गए। पंवार ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि भविष्य में भी कर्मचारी-हित से जुड़े मामलों को प्राथमिकता दी जाए और उन्हें शीघ्र समाधान किया जाए।
आगे की योजना
मंत्री ने यह भी कहा कि भविष्य में इस तरह के ‘संपर्क शिविर’ नियमित रूप से आयोजित किए जाएंगे ताकि कर्मचारियों और अधिकारियों को किसी भी प्रशासनिक कठिनाई का शीघ्र समाधान मिल सके।
समारोह में वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे
इस अवसर पर विकास एवं पंचायत विभाग के आयुक्त और सचिव श्री साकेत कुमार, महानिदेशक श्री डी. के. बेहरा सहित विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।